हरिद्वार पुलिस की बड़ी कामयाबी: कर्नाटक से नाबालिग बच्ची सकुशल बरामद, आरोपी महिला गिरफ्तार

हरिद्वार पुलिस की बड़ी कामयाबी: कर्नाटक से नाबालिग बच्ची सकुशल बरामद, आरोपी महिला गिरफ्तार

पिरान कलियर । ऑपरेशन प्रहार के तहत हरिद्वार पुलिस ने एक बेहद संवेदनशील मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए नाबालिग बच्ची को कर्नाटक से सकुशल बरामद कर लिया। इस कार्रवाई से एक बड़ी घटना होने से समय रहते रोक दी गई। पुलिस के अनुसार, 10 अप्रैल को पिरान कलियर थाने में एक महिला ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी 14 वर्षीय बेटी को पड़ोस में रहने वाली एक महिला कपड़े दिलाने के बहाने अपने साथ ले गई और वापस नहीं लौटी।

मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) हरिद्वार के निर्देश पर तत्काल पुलिस टीम का गठन किया गया।
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल लोकेशन की मदद ली। संदिग्ध महिला की लोकेशन लगातार बदलती रही—पहले रुड़की, फिर दिल्ली, लखनऊ, मध्यप्रदेश होते हुए आखिरकार कर्नाटक के बैंगलोर में ट्रेस हुई।

पुलिस टीम ने 16 अप्रैल को कर्नाटक पहुंचकर स्थानीय पुलिस की मदद से आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया और नाबालिग बच्ची को सुरक्षित बरामद कर लिया।

पूछताछ में हुआ चौंकाने वाला खुलासा
आरोपी महिला ने पूछताछ में बताया कि उसने बच्ची को बहला-फुसलाकर पहले रुड़की, फिर सहारनपुर और दिल्ली ले गई। इसके बाद उसे “मंगलौर” ले जाने का झांसा देकर बैंगलोर पहुंच गई। वहां उसका मकसद बच्ची से भीख मंगवाना और उसे गलत कामों में धकेलना था।

गरीबी का फायदा उठाने की साजिश नाकाम
पीड़िता की मां बेहद गरीब है और भीख मांगकर अपने बच्चों का पालन-पोषण करती है। उसे उम्मीद नहीं थी कि उसकी बेटी मिल पाएगी, लेकिन पुलिस की तत्परता से उसकी बेटी सुरक्षित वापस मिल गई। बच्ची को देखकर मां के चेहरे पर फिर से मुस्कान लौट आई।
पुलिस की सराहना
इस सफल कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने हरिद्वार पुलिस की जमकर सराहना की। एसएसपी हरिद्वार ने भी टीम की त्वरित कार्रवाई की प्रशंसा करते हुए उनकी पीठ थपथपाई।


पुलिस टीम में शामिल अधिकारी:
प्रभारी निरीक्षक कमल मोहन भण्डारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया, जिसमें देवेन्द्र सिंह तोमर, रामअवतार, सोनू कुमार, महिपाल तोमर और महिला कांस्टेबल सरिता राणा शामिल रहे।