देहरादून में फूटा गैस संकट पर गुस्सा, मंत्री आवास का घेराव—सड़क पर उतरे सैकड़ों लोग

देहरादून में फूटा गैस संकट पर गुस्सा, मंत्री आवास का घेराव—सड़क पर उतरे सैकड़ों लोग

देहरादून: प्रदेश में बढ़ती एलपीजी गैस सिलेंडरों की किल्लत, कालाबाजारी और जमाखोरी के खिलाफ जनता का गुस्सा अब खुलकर सड़कों पर दिखने लगा है।

शुक्रवार को सुराज सेवा दल के बैनर तले सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या के आवास का घेराव कर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। उग्र नारेबाजी के बीच प्रदर्शनकारियों ने सरकार को चेतावनी दी कि यदि जल्द हालात नहीं सुधरे तो आंदोलन और उग्र किया जाएगा।

प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सुराज सेवा दल के प्रदेश अध्यक्ष रमेश जोशी ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि प्रदेश में एलपीजी संकट प्राकृतिक नहीं, बल्कि नीतिगत विफलता और प्रशासनिक लापरवाही का नतीजा है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक ओर आम जनता गैस सिलेंडर के लिए दर-दर भटक रही है, वहीं दूसरी ओर सत्ता के संरक्षण में कालाबाजारी और जमाखोरी का खेल खुलेआम जारी है।


प्रदेश महामंत्री देवेन्द्र सिंह बिष्ट ने सरकार से जवाब मांगते हुए कहा कि इतनी बड़ी स्तर की कालाबाजारी बिना मिलीभगत के संभव नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दोषियों पर तत्काल सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो संगठन इस मुद्दे को गांव-गांव और शहर-शहर तक ले जाकर बड़ा जनआंदोलन खड़ा करेगा।
जिला अध्यक्ष सुमित अग्रवाल ने गैस एजेंसियों की मनमानी पर सवाल उठाते हुए कहा कि आम उपभोक्ता पूरी तरह असहाय हो चुका है। प्रशासन की चुप्पी इस भ्रष्ट तंत्र को और मजबूत बना रही है। उन्होंने मांग की कि दोषी एजेंसियों के लाइसेंस तुरंत निरस्त किए जाएं।

प्रदेश प्रवक्ता वीरेंद्र पाल सिंह ने इसे केवल गैस की किल्लत नहीं, बल्कि सरकार की नीयत और जवाबदेही का मामला बताते हुए कहा कि जब तक हर घर तक समय पर और उचित मूल्य पर गैस नहीं पहुंचेगी, तब तक संगठन का संघर्ष जारी रहेगा।
प्रदर्शन के दौरान संगठन ने मंत्री आवास पर ज्ञापन भी सौंपा, जिसमें एलपीजी आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने, कालाबाजारी व जमाखोरी पर सख्त कार्रवाई करने और दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की गई।
इस दौरान संगठन के कई पदाधिकारी और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।