2 साल बाद मिला लापता मासूम, हरिद्वार पुलिस की ‘ऑपरेशन स्माइल’ टीम ने मां से मिलाया


हरिद्वार। जनपद हरिद्वार में चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन स्माइल 2026” के तहत पुलिस ने सराहनीय कार्य करते हुए करीब दो साल से लापता 8 वर्षीय बालक को ढूंढकर उसकी मां के सुपुर्द कर दिया। बेटे को सामने देखकर मां की आंखें नम हो गईं और परिवार ने हरिद्वार पुलिस का आभार जताया।


मुख्यालय स्तर से 18 फरवरी से 18 अप्रैल 2026 तक गुमशुदा बच्चों की तलाश और पुनर्वास के लिए ऑपरेशन स्माइल अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार नवनीत सिंह (IPS) के निर्देश पर और पुलिस अधीक्षक (अपराध) व नोडल अधिकारी एएचटीयू सुश्री निशा यादव के पर्यवेक्षण में ऑपरेशन स्माइल टीम लगातार कार्रवाई कर रही है।
कोतवाली नगर हरिद्वार में दर्ज FIR संख्या 824/2024 के तहत 8 वर्षीय बालक के गुमशुदा होने की विवेचना एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट को सौंपी गई थी। जांच के दौरान टीम को जानकारी मिली कि बालक उत्तर प्रदेश के रामपुर स्थित एक राजकीय बालगृह में संरक्षण में है।


टीम तत्काल रामपुर पहुंची और बालक की पहचान की पुष्टि की। इसके बाद परिजनों की तलाश शुरू की गई, लेकिन दिए गए मोबाइल नंबर बंद मिले। पुलिस ने अन्य माध्यमों से खोजबीन कर परिजनों का पता हरियाणा के कुरुक्षेत्र में लगाया, जहां वे मजदूरी कर रहे थे।


इसके बाद पुलिस टीम परिजनों को साथ लेकर रामपुर स्थित बाल कल्याण समिति के समक्ष पहुंची। समिति द्वारा काउंसलिंग और औपचारिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद बालक को उसकी मां पूजा पत्नी रामपाल उर्फ अजय, निवासी ग्राम पायर खास, जनपद गोण्डा (उत्तर प्रदेश) की सुपुर्दगी में दे दिया गया।
करीब दो साल बाद अपने बेटे को सामने देखकर मां और परिजन भावुक हो उठे और उसे गले लगाकर रो पड़े। परिवार ने उत्तराखंड पुलिस और ऑपरेशन स्माइल टीम का धन्यवाद किया।
इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक वीरेन्द्र सिंह रमोला, उपनिरीक्षक देवेंद्र यादव, हेड कांस्टेबल राकेश कुमार, कांस्टेबल मुकेश कुमार, कांस्टेबल दीपक चंद, महिला कांस्टेबल गीता और शशिबाला की अहम भूमिका रही।